Embroidery

वेस्ट बंगाल का “कांथा” (Kantha of West Bengal in Hindi)

Kantha of West Bengal

वेस्ट बंगाल का “कांथा” कांथा (Kantha) कढ़ाई एक लोकप्रिय शैली है जो पश्चिम बंगाल से आया है। ये एक महत्वपूर्ण प्रतीक है जो बंगाल में ग्रामीण महिलाओं के कौशल और प्रतिभा को प्रदर्शित करता है। कांथा, जिसका मूल अर्थ है ‘गला’, जो भगवान शिव के साथ जुड़ा हुआ है। कहानी ये है कि शिव जी… Read More

कश्मीर की कशीदाकारी (Kashidakari in hindi) 

Kashidakari of Kashmir in hindi

कश्मीर की कशीदाकारी (Kashidakari) कशिदा, जिसे कसीदा के नाम से भी जाना जाता है, कशीदा कढ़ाई का सबसे पुराना रूप है जो जम्मू और कश्मीर में उत्पन्न हुआ है। ये एक पारंपरिक प्रकार की आंतरिक कला है जिसे सबसे प्राचीन में से एक माना जाता है। कशीदा कढ़ाई के अलग-अलग पैटर्न बनाने के लिए मोटे… Read More

उत्तर प्रदेश की चिकनकारी (Chikankari of Uttar Pradesh in Hindi)

chikankari of Uttar Pradesh

 चिकनकारी (Chikankari) तहज़ीब और नज़ाकत के जमीन लखनऊ से, चिकनकारी एक नाजुक और जटिल कढ़ाई शैली है। जिसे माना जाता है की मुगल बादशाह जहाँगीर की पत्नी नूरजहाँ द्वारा लाया गया था। चीकन, का शाब्दिक अर्थ ‘कढ़ाई’ (Embroidery) है। ये पारंपरिक कढ़ाई शैली लखनऊ की सबसे प्राचीन और मुगलों द्वारा शुरू की जाने वाली बेहतरीन… Read More

पंजाब की फुलकारी: Phulkari of Punjab in Hindi

पंजाब की फुलकारी: Phulkari of Punjab in Hindi

फुलकारी क्या होता है फुलकारी कढाई (एम्ब्रायडरी) की शुरुआत पंजाब में 15th सेंचुरी में हुआ था। फुलकारी एक तरह की कढाई होती है जो चुनरी /दुपटो और जूतियों पर हाथों से की जाती है।  फुलकारी शब्द “फूल” और “कारी” से बना है जिसका मतलब “फूलों की कलाकारी” होता है। पुराने समय मे फुलकारी और बाग… Read More